सोमवार, 4 अप्रैल 2011

आलोचना के आईने में दिखाई देता चेहरा




दैनिक भास्‍कर के सभी संस्‍करणों में आज संपादकीय पेज पर प्रकाशित

1 टिप्पणी:

  1. बहुत खूब सर , बहुत ही सटीक और सार्थक आलेख है । आपके ब्लॉग पर फ़ौलोवर का विजेट नहीं है सर , उसे लगा दें तो और भी सुविधाजनक रहेगा पाठकों के लिए । अब नियमित रूप से आता रहूंगा

    उत्तर देंहटाएं

Post Labels